हरिद्वार।
बेरोजगारों के सपनों को चकनाचूर कर मोटी रकम लेकर पेपर लीक करवा कर अपने मंसूबों में कामयाब होने वाले नकल माफियाआें को नकल डाल कर पुलिस ने गिरोह का पर्दाफाश कर गैंग के मुखिया समेत 19 लोगों को गिरफ्तार कर सलाखों के पीछे भेज दिया। पेपर लीक के जरिए अर्जित की गई संपति को कुर्क करने में पुलिस ने अपना शिकंजा कसना शुरु कर दिया। डीएम के आदेश के बाद पुलिस गैंग के मुखिया की चौंतीस लाख की संपति कुर्क करेगी। इससे पूर्व 40 लाख नगदी 35 से 40 लाख की ज्वेलरी पूर्व में जब्त की जा चुकी है।
एसएसपी प्रमेन्द्र डोबाल निर्देशन पर जनपद पुलिस गैंग बनाकर अपराध करने वाले माफियाओ पर दिन प्रतिदिन कडी कार्रवाई कर रही है। बेरोजगार युवकों को शानदार ख्वाब दिखाकर ऐसे लोगों को ठग कर बेनामी सम्पत्ति जोडने वाले नकल माफियाओ पर लगाम लगाकर समाज को सशक्त एवं सकारात्मक संदेश देने को ठोस कार्यवाही के सकारात्मक पहलू अब नजर आ रहे हैं। गैंगलीडर व मास्टरमाइंड संजीव प्रकाश चतुर्वेदी पुत्र त्रिपुरारी व उसके गैंग से जुडा सदस्य है। गैंगस्टर संजीव ने अपने गैंग के अन्य सदस्यों के साथ गिरोह बनाकर बेरोजगार युवकों को नौकरी दिलाने का झांसा देकर लोक सेवा आयोग के माध्यम से होने वाली भर्तियों के प्रश्नों को लीक (आऊट) कर बडी रकम जुटाई गई। रकम से गैंगलीडर संजीव चतुर्वेदी ने अपने नाम पर जगजीतपुर कनखल के महंगे स्थान में 15 वर्गमीटर जमीन व अपनी साली रूमा देवी के नाम बसेडा खादर लक्सर में भूमि खरीदी। गैंग के अन्य सदस्य रामकुमार पुत्र सुग्गन सिंह द्वारा भगतनपुर आबिदपुर उर्फ इक्कड में करीब 186 वर्गमीटर जमीन खरीदी । जनपद पुलिस की भेजी गई रिपोर्ट के आधार पर नियुक्त प्रशासन की टीम ने तीनों प्लाट की कुल कीमत 34 लाख से अधिक आंकी गई है। गैंगलीडर एवं गैंग के विरुद्ध थाना कनखल पर गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्यवाही करते हुए विवेचक नितेश शर्मा ने धारा—14 उप्र गिरोहबन्द समाज विरोधी क्रियाकलाप निवारण अधिनियम 1986 के तहत प्रेषित रिपोर्ट पर जिलाधिकारी धीराज सिंह गब्र्याल ने तीनों भूखण्ड को कुर्क करने का आदेश जारी करते हुए तहसीलदार हरिद्वार व लक्सर को अचल सम्पत्ति का प्रशासक नियुक्त किया गया है।





















































