एक सप्ताह से लापता 11 वर्षीय कृष्णा को पुलिस ने सकुशल खोजा, परिजनों के चेहरे पर लौटी मुस्कान
AHTU हरिद्वार की तत्परता से खुला आश्रय गृह कनखल में मिला था बालक, रायवाला पुलिस के सुपुर्द कर परिजनों तक पहुंचाने की कार्रवाई
हरिद्वार। हरिद्वार पुलिस की एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट (AHTU) ने मानवीय संवेदनशीलता और तत्परता का परिचय देते हुए एक सप्ताह से लापता 11 वर्षीय मानसिक रूप से कमजोर बालक कृष्णा को सकुशल खोज निकाला। बालक 27 अक्टूबर से देहरादून के रायवाला थाना क्षेत्र के हरिपुर कला से लापता था।
जानकारी के अनुसार, मां की डांट से नाराज होकर कृष्णा बिना बताए घर से निकल गया था और वापस नहीं लौटा। परिजनों ने काफी तलाश की, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिला। इसके बाद थाना रायवाला में उसकी गुमशुदगी दर्ज कराई गई। रायवाला पुलिस ने बालक की तलाश के लिए टीम गठित कर पंपलेट के माध्यम से प्रचार-प्रसार किया।
इसी दौरान गुमशुदगी का पंपलेट AHTU हरिद्वार पुलिस तक पहुंचा। डाटा विश्लेषण के दौरान पुलिस को पता चला कि पंपलेट में दिखाई दे रहा बालक वही कृष्णा है, जिसे कुछ दिन पहले AHTU हरिद्वार ने बरामद कर कनखल स्थित खुला आश्रय गृह में दाखिल कराया था।
पुलिस ने तत्काल थाना रायवाला और बाल कल्याण समिति हरिद्वार को सूचना दी। इसके बाद 3 नवंबर को बाल कल्याण समिति के अध्यक्ष से विशेष आग्रह कर बालक को रायवाला थाने के विवेचक उपनिरीक्षक रघुवीर सिंह और हेड कांस्टेबल जयवीर सिंह के सुपुर्द किया गया।
बालक के सकुशल मिलने से परिजनों ने राहत की सांस ली और हरिद्वार पुलिस का आभार जताया। वहीं रायवाला पुलिस ने भी इस सराहनीय सहयोग और त्वरित कार्रवाई के लिए हरिद्वार पुलिस की प्रशंसा की।
AHTU की टीम में
- उपनिरीक्षक राखी रावत, हेड कांस्टेबल राकेश कुमार
- कांस्टेबल दीपक चन्द, कांस्टेबल मुकेश कुमार, कांस्टेबल दीपक डबराल, महिला कांस्टेबल शशिबाला, महिला कांस्टेबल गीता देवी
हरिद्वार पुलिस की इस कार्रवाई ने एक बार फिर साबित किया कि पुलिस की सतर्कता, आपसी समन्वय और मानवीय संवेदनशीलता से बिछड़े परिवारों को बड़ी राहत मिल सकती है।


























































